चंदौली ब्यूरो : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरुद्ध हाल ही में की गई राजनीतिक टिप्पणियों को लेकर देश भर में विरोध के स्वर तेज हो गए हैं। इसी क्रम में, विश्व हिंदू रक्षा परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष गोपाल राव के निर्देशानुसार, संगठन के कार्यकर्ताओं ने विभिन्न स्थानों पर सड़कों पर उतरकर अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया।
“माफी नहीं तो आंदोलन”: संगठन की दोटूक चेतावनी
जिला अध्यक्ष ओम प्रकाश गुप्ता के नेतृत्व में आयोजित इस प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। मीडिया से बात करते हुए गुप्ता ने स्पष्ट किया कि देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद की गरिमा के साथ कोई भी समझौता नहीं किया जाएगा।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा:
“मल्लिकार्जुन खड़गे को अपने विवादित बयानों के लिए प्रधानमंत्री से सार्वजनिक रूप से क्षमा मांगनी चाहिए। यदि वे ऐसा नहीं करते हैं, तो परिषद अपने विरोध को और अधिक तीव्र करेगी और इसे एक राष्ट्रव्यापी जन-आंदोलन का रूप दिया जाएगा।”
विरोध में दिखी सर्वधर्म एकता
इस प्रदर्शन की एक उल्लेखनीय विशेषता इसकी व्यापकता रही। संगठन के विभिन्न प्रभागों के साथ-साथ अल्पसंख्यक मोर्चा ने भी इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। अल्पसंख्यक मोर्चा के जिला अध्यक्ष इसरार अहमद ने अपनी टीम के साथ खड़गे के बयान की कड़ी निंदा करते हुए इसे राजनीति का गिरता हुआ स्तर बताया।
प्रदर्शन में उपस्थित मुख्य पदाधिकारी
विरोध प्रदर्शन में भारी संख्या में कार्यकर्ताओं के साथ संगठन के कई प्रमुख पदाधिकारी शामिल हुए, जिनमें मुख्य रूप से निम्नलिखित नाम शामिल हैं:
- अजय शर्मा (जिला उपाध्यक्ष)
- इसरार अहमद (जिला अल्पसंख्यक अध्यक्ष)
- विमल चौहान (मंडल अध्यक्ष)
- विवेक चौहान (महामंत्री)
- अन्य प्रमुख सहयोगी: धर्मवीर सुवकर, राजकुमार गुप्ता (खिचडू), रोहित गुप्ता, आर्यन चौहान, सुनील जायसवाल और सोनू शर्मा।
विश्व हिंदू रक्षा परिषद ने यह स्पष्ट कर दिया है कि वे इस मुद्दे पर पीछे हटने वाले नहीं हैं। आने वाले दिनों में यदि माफी नहीं मांगी गई, तो संगठन की योजना जिला स्तर से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक घेराव करने की है।