चंदौली। जिले के कैली कुरहना गांव में 5 अक्टूबर को मल्लाह समाज की बड़ी संख्या में महिलाओं के बीच जनसंपर्क कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में महिलाओं से बढ़ती महंगाई, पेट्रोल-डीजल और चीनी की कीमतों सहित शिक्षा और जनसुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की गई।
इस दौरान समाजवादी पार्टी महिला सभा की राष्ट्रीय सचिव रीता चिरई ने महिलाओं से संवाद करते हुए कहा कि महंगाई का सबसे अधिक असर गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों पर पड़ रहा है। उन्होंने सरकारी स्कूलों को बंद किए जाने का मुद्दा उठाते हुए कहा कि इन विद्यालयों में मुख्य रूप से गरीब परिवारों के बच्चे पढ़ते थे। उन्होंने शराब की दुकानों की संख्या बढ़ने को लेकर भी चिंता जताई।
रीता चिरई ने कहा कि समाजवादी पार्टी की पूर्व सरकार के कार्यकाल में लैपटॉप, 100 नंबर एंबुलेंस, शिक्षा, दवाई और सिंचाई जैसी सुविधाओं को लेकर कई योजनाएं संचालित की गई थीं। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2027 में समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर गरीब महिलाओं के खातों में 40 हजार रुपये की सहायता राशि दी जाएगी तथा बिजली, पानी, सिंचाई, दवाई और शिक्षा जैसी सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में काम किया जाएगा।
उन्होंने महिलाओं से संविधान और अपने मताधिकार की रक्षा के लिए जागरूक रहने की अपील की। साथ ही आगामी विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी के पक्ष में मतदान करने और पीडीए की सरकार बनाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान उन्होंने चुनाव आयोग से जुड़े मुद्दों को लेकर भी अपनी बात रखी और 7 अक्टूबर को चंदौली जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचने की अपील की। उन्होंने अधिक से अधिक महिलाओं से निर्धारित कार्यक्रम में शामिल होने का आग्रह किया।